अंग्रेजी शोषण और दलन के खिलाफ तलवार उठा कर
युद्ध के मैदान में उतर आने वाली वीरांगना,
जिसने कहा था कि जब तक मेरे रक्त का
एक बूँद भी मेरे शरीर में बाक़ी है,
मैं यह किला अंग्रेजी फौज़ के हाथों में नहीं जाने दूँगी,
उस 'मणिकर्णिका' यानि झाँसी की रानी लक्ष्मीबाई को
उनके जन्मदिवस पर आकाश भर प्रणाम!
